महात्मा गांधी जी की 157 वीं जयंती के अवसर पर 02 से 08 अक्टूबर 2026 तक जिले में मद्य निषेध सप्ताह का आयोजन किया जाएगा। सप्ताह के दौरान विभिन्न विभागों एवं अशासकीय संस्थाओं के माध्यम से नशे के दुष्परिणामों के प्रति जनजागरूकता लाने के साथ नागरिकों को “नशा न करेंगे, न करने देंगे” की ई-शपथ दिलाई जाएगी।

डिप्टी कलेक्टर एवं प्रभारी उपसंचालक सामाजिक न्याय एवं दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग श्री पुष्पेन्द्र निगम ने बताया कि मद्य निषेध सप्ताह के अंतर्गत जिले में नशामुक्ति जागरूकता रैली, नुक्कड़ नाटक, पोस्टर एवं चित्र प्रदर्शनी, प्रतियोगिताएं, प्रश्नमंच एवं संगोष्ठियों का आयोजन किया जाएगा। विद्यालयों एवं महाविद्यालयों में ऑनलाइन नशामुक्ति शपथ दिलाने के साथ नशामुक्ति संबंधी जागरूकता गतिविधियां संचालित की जाएंगी। स्वास्थ्य विभाग द्वारा नशा पीड़ितों के लिए विशेष स्वास्थ्य परीक्षण शिविर भी आयोजित किए जाएंगे।

नगरीय निकायों में कम से कम एक वार्ड तथा जनपद पंचायतों में कम से कम पांच ग्राम पंचायतों को नशामुक्त बनाने के लिए आमसभा एवं ग्रामसभा के माध्यम से प्रस्ताव पारित कर नशामुक्ति जागरूकता कार्यक्रम संचालित किए जाएंगे। नशाबंदी साहित्य, पोस्टर, पेम्पलेट एवं अन्य आईईसी सामग्री का वितरण करने के साथ स्थानीय व्हाट्सएप समूहों के माध्यम से नशामुक्ति के संदेश एवं जागरूकता संबंधी लघु फिल्मों का प्रचार-प्रसार किया जाएगा।

महिला एवं बाल विकास विभाग, जन अभियान परिषद, स्व-सहायता समूहों, शौर्य दलों, प्रस्फुटन समितियों तथा अशासकीय संस्थाओं द्वारा स्थानीय स्तर पर नशामुक्ति संदेश का प्रचार-प्रसार, रैली एवं अन्य जागरूकता गतिविधियां आयोजित की जाएंगी। सप्ताह के समापन अवसर पर जिला मुख्यालय में सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित होंगे, जिनमें नशामुक्ति पर आधारित नाटक, नृत्य एवं संगीत की प्रस्तुतियां दी जाएंगी। आयोजित प्रतियोगिताओं में प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले प्रतिभागियों को पुरस्कार तथा सभी सहभागियों को सहभागिता प्रमाण-पत्र प्रदान किए जाएंगे।

उन्होंने सभी विभाग प्रमुख एवं अशासकीय संस्थाएं कार्यक्रमों के आयोजन एवं नशामुक्त भारत अभियान ऐप पर जानकारी अपलोड करने के लिए अपने विभाग के वरिष्ठ एवं जिम्मेदार अधिकारी को नोडल अधिकारी नियुक्त करने का आग्रह किया है।